Neem

नीम (Neem) को आयुर्वेद में सदियों से “सर्व रोग नाशक” कहा गया है। इसकी पत्तियाँ, छाल और तेल न केवल शरीर के लिए लाभकारी हैं बल्कि त्वचा, बाल और दाँतों की देखभाल में भी मदद करते हैं। नीम की पत्तियों के नियमित उपयोग से शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है और कई स्वास्थ्य समस्याएँ दूर होती हैं। आइए जानें नीम पत्तियों के प्रमुख फायदे।

नीम की पत्तियों में प्राकृतिक एंटीबैक्टीरियल और एंटीफंगल गुण पाए जाते हैं। इससे मुहांसे, दाद, खुजली और एक्ज़िमा जैसी समस्याओं में राहत मिलती है। नीम का पेस्ट या नीम काढ़ा त्वचा पर लगाने से संक्रमण कम होता है और त्वचा स्वस्थ और चमकदार बनती है।

खून को शुद्ध करना

Neem

नीम की पत्तियाँ खून को साफ करने में मदद करती हैं। इसका सेवन करने से शरीर से विषैले तत्व बाहर निकलते हैं, जिससे त्वचा पर प्राकृतिक चमक आती है और रंग स्वस्थ दिखता है। आयुर्वेद में इसे रक्तवर्धक और शरीर को डिटॉक्स करने वाला माना जाता है।

रोग प्रतिरोधक क्षमता (Immunity) बढ़ाना

नीम(Neem) में मौजूद एंटीऑक्सीडेंट गुण शरीर को संक्रमण और बीमारियों से लड़ने की ताकत देते हैं। नियमित सेवन से सर्दी, खांसी और बुखार जैसी सामान्य बीमारियों का खतरा कम होता है। यह बच्चों और बड़ों दोनों के लिए उपयोगी है।

शुगर नियंत्रित करने में सहायक

नीम की पत्तियाँ ब्लड शुगर को नियंत्रित रखने में मदद करती हैं। डायबिटीज़ के रोगियों के लिए यह एक प्राकृतिक उपाय माना जाता है। नियमित मात्रा में नीम के सेवन से शुगर लेवल संतुलित रहता है और शरीर में ऊर्जा बनी रहती है।

पेट और पाचन तंत्र के लिए लाभकारी

नीम का सेवन पेट के कीड़े, कब्ज और एसिडिटी जैसी समस्याओं में राहत देता है। यह आंतरिक सफाई करता है और पाचन तंत्र को स्वस्थ बनाए रखता है। नीम के नियमित सेवन से पेट की समस्याएँ कम होती हैं और भूख भी संतुलित रहती है।

बालों की देखभाल

नीम(Neem) की पत्तियों का पेस्ट या नीम का पानी बालों में लगाने से रूसी (Dandruff) कम होती है। यह बालों को मजबूत और चमकदार बनाता है। आयुर्वेद में नीम तेल को बालों की जड़ों को मजबूत करने और बालों के झड़ने को रोकने वाला माना गया है।

घाव और इंफेक्शन में लाभकारी

नीम(Neem) की पत्तियों का लेप लगाने से चोट और घाव जल्दी भरते हैं। इसके एंटीसेप्टिक गुण संक्रमण को रोकते हैं और त्वचा को स्वस्थ बनाते हैं। नीम का नियमित इस्तेमाल छोटे कट, स्क्रैच और जलने पर भी मददगार होता है।

सावधानियाँ

  • नीम का अधिक सेवन शरीर को ठंडा कर सकता है, इसलिए मात्रा में सेवन करें।
  • गर्भवती और स्तनपान कराने वाली महिलाएँ बिना डॉक्टर की सलाह के नीम का सेवन न करें।
  • बच्चों में इस्तेमाल करने से पहले विशेषज्ञ की सलाह लेना बेहतर होता है।

निष्कर्ष

नीम(Neem) की पत्तियाँ स्वास्थ्य और सुंदरता दोनों के लिए वरदान हैं। चाहे त्वचा, बाल, दाँत या पाचन की बात हो, नीम का नियमित और संतुलित उपयोग शरीर को स्वस्थ, रोगमुक्त और ऊर्जा से भरपूर बनाता है। आयुर्वेद में इसे “सर्व रोग नाशक” कहा जाना बिल्कुल सही है।

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By Divyay

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